बालतोड़ के कारण, लक्षण और ठीक करने के आयुर्वेदिक घरेलू उपाय

हैलो फ्रेंड्स, क्या आपके शरीर पर कहीं पर जड़ से बाल निकलने की वजह से फोड़े जैसी कोई समस्या हुई है? या दोस्तों कभी आती कहीं ना कहीं से बाल निकला हो और वहां पर फुंसि या, मवाद का फोड़ा बन गया हो? जो कि बहुत दर्द देता है।

दोस्तों इस समस्या को बालपतोड़ नाम से जाना जाता है। क्या आपने बालतोड़ नाम की बीमारी का नाम सुना है? या आपको पता है, बालतोड कैसे होता है? दोस्तों, अगर आपको नहीं पता तो चिंता मत कीजिए। बालतोड़ एक ऐसी बीमारी है, जो बाल के जड़ से टूट जाने की वजह से होती है। एक प्रकार का त्वचा संक्रमण है। अगर आप जानना चाहते हैं की, बालतोड़ क्या होता है? और बालतोड़ कैसे होता है? तो दोस्तों हमारी इस पोस्ट को जरूर पढ़ें। आज हम आपको अपने पूछना बताने वाले हैं – 

  • बालतोड़ क्या होता है? 
  • बालतोड़ कैसे होता है?
  • बालतोड़ को ठीक करने के घरेलू उपाय क्या है?
  • बालतोड़ होने पर क्या करें? 

आदि, सारी जानकारी आपको हमारी ओर से मिलने वाली है। बालतोड़ से जुड़ी जानकारी के लिए हमारी यह पोस्ट बहुत फायदेमंद साबित होने वाली है। जानकारी के लिए पोस्ट को अंत तक जरूर पढ़ें। 

baltod kya hai in hindi
बालतोड़ के लिए घरेलू उपचार
Table Of Contents show

बालतोड़ क्या होता है? – baltod kya hota hai

बालतोड एक प्रकार का त्वचा संक्रमण होता है। जब हम किसी वजह से अपने शरीर के किसी भाग के बाल को जड़ से उखाड़ लेते हैं। या गलती से कोई बाल जड़ से उखड़ जाता है तो, वहां पर एक छोटी सी फुंसी बनने लगती है। जो कि शुरुआत में बहुत छोटी होती है, लेकिन बाद में कठोर, लाल और बड़ी-बड़ी होती जाती है।

कुछ समय बाद जब उसके अंदर मवाद भरने लगता है तो, वह बहुत बड़ी हो जाती है। और बहुत ज्यादा दर्द करती है। यही बालतोड़ कहलाती है। बालतोड़ की खुशी में जब मवाद भर जाता है, तो यह दर्दनाक बन जाता है, जो की असहनीय दर्द देता है। भले ही बालतोड़ त्वचा के अंदर होता है लेकिन इससे त्वचा का इन्फेक्शन कहा जाता है । बालतोड़ हथेलियों और पैर के तलवों को छोड़कर, त्वचा पर कहीं पर भी हो सकता है। 

Read More : Primolut N Tablet in Hindi – फायदे,उपयोग और नुकसान

बालतोड़ के प्रकार – Baltod Ke Prakar

कारंबकल या बड़ा फोड़ा

यह एक नहीं बल्कि पूरे बालों के समूह के जड़ से उखड़ जाने के बाद होता है। जो कि त्वचा की ज्यादा गहराई में बनता है। इस प्रकार की बालतोड़ में फोड़ा त्वचा की बहुत गहराई में बनता है। और मवाद भरने पर ज्यादा दर्दनाक होता है। जब इच्छा ज्यादा बाल किसी स्थान पर जड़ से उखड़ जाते हैं, तो धीरे-धीरे वहां पर गांठ बन जाती है। 

पायलोनिडल सिस्ट – 

इस प्रकार के बालतोड़ में फोड़ा या फुंसी हमारी चेस्ट के बीचों बीच वाली क्रीज में बन जाता है। नितंबो के बीच जो क्रीज होती है, वहां पर उपस्थित बालों की जड़ से उखाड़ने की वजह से कई बार मांस के अंदर गहराई में फोड़ा बनने लग जाता है। जो कि बहुत दर्द देता है। कुछ समय बाद जब मवाद से भर जाता है तो, यह और भी ज्यादा दर्दनाक हो जाता है। इसे ही पाइलोंनीडल सिस्ट कहते हैं। इस प्रकार के फोड़े में भी घरेलू उपाय करने से आराम मिल जाता है। लेकिन फोड़े के बढ़ने पर आपको डॉक्टर के पास जाना ही पड़ता है। 

हिड्राडेनाइटिस सुपराटिवा – 

जब बालतोड की समस्या से होने वाला फोड़ा हमारे जांघ या अंडर आर्म्स में होता है तो, इसे हिद्रदेनाइटिस सुप्राटीवा कहते हैं। दोस्तों इसमें जांघ या अंडर आर्म्स में बाल जड़ से टूट जाते हैं। जिस वजह से वहां पर फोड़ा या फुंसी बन जाती है। जो कि बाद में मवाद से भर जाती है। कई बार वैक्सिंग करने की वजह से भी यह समस्या हो जाती है। इस प्रकार के शुरुआती फोड़े में घरेलू उपायों को कर सकते हैं। 

बालतोड़ कैसे होता है? – Baltod Kaise hota hai

जब हमारी त्वचा के रंध्रो, या नए बाल उगने वाले कुपो, या तेल रंध्रो में कोई बैक्टीरियल संक्रमण हो जाता है। या बैक्टीरियल इंफेक्शन से यह रंध्र बंद हो जाते हैं, तो यह बालतोड़ बन जाता है। दोस्तों बालतोड़ होने का एक मुख्य कारण यह भी है, बाल का जड़ से हट जाना। जब हम अपने शरीर के किसी बाल को जड़ से उखाड़ लेते हैं तो, वहां पर एक छोटी सी गांठ बनने लगती है। जो धीरे-धीरे कठोर होती है।

शुरुआत में तो यह छोटी होती है लेकिन, धीरे-धीरे यह लाल और बड़ी होने लगती है। कुछ समय बाद जब यह अपना पूर्ण रूप ले लेती है तो, इसके अंदर पस या मवाद भर जाता है। जिससे कि यह एक फोड़े का रूप ले लेता है और, असहनीय पीड़ा देता है। यही बालतोड़ कहलाता है। कभी कबार जब बालों का पूरा समूह ही जड़ से निकल जाता है, तो भी गांठ बन जाती है। और बालतोड़ होने लगता है। सही से स्कूल का केयर न करना भी बालतोड़ के संक्रमण को बढ़ाने में का कारण होता है। 

Read More : Liv 52 ds Tablet in Hindi – लाभ, फायदे, उपयोग

बालतोड़ के लक्षण – Baltod Ke lakshan

 बालतोड़ होने पर फोड़े के साथ कुछ ऐसे लक्षण भी होते हैं, जिनकी वजह से आप पहचान सकते हैं कि, यह बालतोड़ की समस्या है। जैसे की – 

लाल निशान का होना। 
फोड़े वाले स्थान का कठोर होना। 
मांस के अंदर से फुंसी बनना। 
खुजली का होना। 
कुछ दिनों बाद फोड़े का पीला होना। 
फोड़े वाले स्थान पर जलन होना। 
फोड़े मे कील दिखाई देना। 

यही कुछ लक्षण होते हैं जो आपको बालतोड़ में दिखाई देते हैं। अगर किसी जगह पर बाल को तोड़ने के बाद आपको यह लक्षण दिखाई देते हैं। तो हो सकता है कि, आपको बालतोड की समस्या हो रही है। 

बालतोड़ होने पर क्या करें? – Baltod hone par kya kare

बालतोड़ होने पर सबसे पहले तो कुछ घरेलू उपाय और एंटीबायोटिक्स पर ध्यान देना चाहिए। अगर इनसे भी बालतोड़ जैसी समस्या ठीक नहीं होती तो, उसके बाद डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए। बालतोड़ होने पर प्रभावित जगह की साफ-सफाई पर ध्यान दें।

  1. बालतोड़ होने पर हमें सीधा पेन किलर या किसी भी ट्यूब का यूज नहीं करना चाहिए। अगर आपको लग रहा है कि आपकी शरीर में कहीं पर बालतोड़ हो रहा है तो, आप पहले डॉक्टर की सलाह लें। 
  2. बालतोड़ होने पर एंटीबैक्टीरियल युक्त चीजें जैसे – गाजर, गोभी, हल्दी, लहसुन का सेवन भरपूर मात्रा में करना चाहिए। इससे संक्रमण कम होता है। 
  3. अगर आपको यह लग रहा है कि, आपके शरीर में कहीं पर बालतोड़ हो रहा है। तो, वहां पर बार-बार हाथ न लगाएं। व नाखूनों से उस जगह को नहीं खुरचना चाहिए। जितना हो सके उस जगह को गंदे हाथों अगले नाखूनों से दूर रखें।
  4. अगर आपके बालतोड़ की फुंसी में पस नहीं बन रहा है, या वह ज्यादा दर्द हो रही है तो, पेन किलर लेने से पहले घरेलू उपाय करें। 
  5. ज्यादा से ज्यादा समस्या होने पर डॉक्टर की सलाह ले। 

बालतोड़ को ठीक करने के घरेलू उपाय – Baltod Thik Karne Ke Gharelu Upay

बालतोड कोशुरुआत मे ही रोकने के कुछ नुस्खे होते है। जिनकी मदद से बालतोड को बढ़ने से रोका जा सकता है। –

प्याज का छिलका – जहां पर बालतोड़ की फुंसी हो रखी है, वहां पर प्याज का एक छिलका निकाल कर लगाए। और बाहर से पट्टी बांध ले। यह जल्दी ही बालतोड़ की फुंसी में मवाद भर देगा, और इसे धीरे-धीरे ठीक कर देगा। प्याज में एंटीबैक्टीरियल गुण होते हैं जो कि, बालतोड़ की वजह से हुए बैक्टीरियल संक्रमण को ठीक करता है। 

हल्दीहल्दी में एंटीबैक्टीरियल गुण पाए जाते हैं। साथ ही यह एंटीबायोटिक दवा होती है। हल्दी को किसी भी घाव पर लगाने से घाव जल्दी ठीक हो जाता है। हरदीप पीसकर बालतोड़ के फोड़े के ऊपर कुछ समय तक लगाने से, बाल तोड़ ठीक हो जाता है। 

लहसून लहसुन में कुछ ऐसे तत्व मौजूद होते हैं, जिनमें अधिक से अधिक मात्रा में एंटी ऑक्सीडेंट और एंटीबैक्टीरियल पाया जाता है। जो कि गांव वाली जगह को जल्दी से जल्दी ठीक कर देते हैं। लहसुन को पीसकर, लहसुन के पेस्ट को या फिर लहसुन के रस को प्रभावित जगह पर लगाने से, आराम मिलता है। 

रोटी का टुकड़ा और गर्म पानी जब बालतोड़ के फोड़े के अंदर मवाद भर जाता है तो, उसे निकालने के लिए, रोटी के एक छोटे से टुकड़े को गर्म पानी में भिगोकर, फोड़े के ऊपर कुछ देर रखने से सूजन भी कम होती है। और मवाद भी निकल जाता है। यह पस से भरे फोड़े में आराम दाई होता है। 

बेकिंग सोडा और नमक यदि बालतोड़ का फोड़ा हो जाता है और पकता नहीं है तो, एक चम्मच बेकिंग सोडा ले। उसमें आधा चम्मच नमक और थोड़ा सा पानी मिलाकर पेस्ट बना लें। इसे फोड़े के ऊपर 10 से 15 मिनट तक लगाके रखें यह जल्दी ही फोड़े को पकाने का काम कर देगा। 

यह कुछ घरेलू उपाय हैं जो कि शुरुआती बालतोड़ को ठीक करने के काम आते हैं। अगर आपको बालतोड़ की दिक्कत होती है, तो इन्हें प्रयोग करके शुरुआत के बालतोड को ठीक किया जा सकता है। अगर आपका बालतोड़ ज्यादा बढ़ जाता है तो, इन उपायों के कारगर साबित होने के कम चांस होते हैं। तब आपको डॉक्टर के पास जाना चाहिए। बालतोड़ होने पर लापरवाही न करें। 

बालतोड़ की दवा क्या क्या है? – Baltod Thik Karne Ki Medicine

जब किसी को बालतोड़ जैसी समस्या हो जाती है। तो उसमें कुछ दवाएं मिलती है। जो बालतोड़ को ठीक कर सकती है जैसे कि-

Mupirocin
Clindamycin
Fusidic acid

इन दवाओं तो आप शुरुआत में अगर फोड़े पर लगाए तो, वह शुरुआत में ही दब जाता है। और आगे बड़ी दिक्कत नहीं करता। इन दवाओं का उपयोग आप फोड़े में मवाद भरने से पहले कर सकते हैं। शुरुआती बालतोड़ के फोड़े की दवाई तुरंत ही कर सकती है।

Magnicium sulphate, यूरिया, आदि युक्त क्रीम का उपयोग भी बाल तोड़ में कर सकते हैं। कुछ ऐसे लोगों में जब बालों की समस्या हो जाती हैं, जिनका इम्यूनिटी सिस्टम अच्छा नहीं होता। तो उन्हें बालतोड़ के फोड़े के पस को निकालने के लिए या, फोड़े को पकाने के लिए दवाओं का सहारा लेना पड़ता है। जिन दवाओं में दिए गए इंग्रेडिएंट्स मौजूद होते हैं उनकी उसको लगाने से फोड़े का पस आराम से निकल जाता है। 

बालतोड़ से जुड़ी सावधानियां

बालतोड़ एक प्रकार का स्किन इन्फेक्शन होता है। इसे आप बैक्टीरियल इनफेक्शन भी कह सकते हैं। बालतोड़ होने से बचने के लिए, या बालतोड़ होने के बाद कुछ सावधानियों को ध्यान में देने से आप, इससे बच सकते हैं। –

  • हमें अपनी त्वचा का पूरा ध्यान देना चाहिए। कभी भी त्वचा को साफ करना हो तो इसे अच्छे फेस वॉश या साबुन से साफ करें। 
  • शेविंग या वैक्सिंग का कार्य पूरी सुरक्षा के साथ करें। सही निर्देशों के अनुसार ही सेविंग या वैक्सिंग करनी चाहिए। 
  • अपनी त्वचा पर कभी भी ज्यादा गंदगी जमा ना होने दें। बालतोड़ होने का एक कारण यह भी होता है। 
  • बालतोड़ की फोड़े पर नाखून ना लगाएं। इससे संक्रमण और फैलने की संभावनाएं बनी रहती है। 
  • बालतोड़ के फोड़े पर गंदे हाथ और गंदी उंगलियां न लगाए। इससे संक्रमण बढ़ सकता है। 
  • अगर आपको लग रहा है कि, बालतोड़ ठीक होने के बाद दोबारा हो सकता है। तो तुरंत डॉक्टर के पास जाकर सलाह लें। 
  • समस्या बढ़ने पर तुरंत डॉक्टर से जाकर जांच करवाएं। 
  • किसी भी प्रकार के घरेलू नुस्खे, या दवाइयों से पहले एक बार डॉक्टर की सलाह जरूर लें। 
  • कभी भी शरीर के किसी भी अंग के बालों को, अनावश्यक रूप से जड़ से नहीं उखाड़ना चाहिए। 
  • अगर आपको शरीर में फोड़े की समस्या हो रही है तो, बार-बार कपड़ों को बदलना चाहिए। और उस जगह के लिए एक अलग से तौलिया रखना चाहिए। 

अपने स्किन रूटीन में इन सावधानी को ध्यान देने से बालतोड़ होने के चांस कम होते हैं। और बालतोड़ होने के समय इन बातों को ध्यान में देने से, आप संक्रमण को कम कर सकते हैं। या फैलने से रोक सकते हैं। 

निष्कर्ष –

दोस्तों हमने अपनी इस पोस्ट में आपको बालतोड एवं बालतोड कैस होता है? से जुड़ी सारी जानकारी देने की पूरी कोशिश की है। लेकिन फिर भी अगर आपके मन में बालतोड समस्या से जुड़े कोई भी सवाल हो तो, आप हमें कमेंट करके पूछ सकते हैं। हम आपको जवाब देने की पूरी कोशिश करेंगे। अगर आपको पोस्ट पसंद आई हो तो, पोस्ट को लाइक और शेयर जरूर करें।

लोगों द्वारा बालतोड को लेकर अक्सर पूछे जाने वाले सवाल – 

प्रश्न 1- क्या वैक्सिंग  या सेविंग करने से बालतोड़ हो सकता है? 

उत्तर 1- जी हाँ, वैक्सिंग या सेविंग की वजह से बालतोड़ होने की संभावनाएं हो सकती है। 

प्रश्न 2- बालतोड होने में कितना समय लगता है? 

उत्तर 2- त्वचा के अंदर जब लाल छोटी सी फुंसी बन जाती है, तो उस फुंसी मे मवाद या पस भरने में 1 हफ्ते का समय लग सकता है। बालतोड को बनने में 6 से 7 दिन का समय लग सकता है। 

प्रश्न 3- बालतोड़ को ठीक करने का सबसे अच्छा घरेलू उपाय क्या है? 

उत्तर 3- बालतोड़ को ठीक करने के सबसे अच्छे उपाय प्याज का चीता और हल्दी है। कि इन दोनों में ज्यादा एंटीबैक्टीरियल गुण होते हैं। 

प्रश्न 4 – बालतोड़ में हल्दी को कैसे लगाते हैं? 

उत्तर 4- जिस भी स्थान पर पूरा बन चुका है, वहां पर हल्दी को पीसकर उसका लेप लगाना चाहिए। और इसे खुला ही रखना चाहिए। 

प्रश्न 5- बालतोड़ की समस्या में किस प्रकार की दवाओं को लगाना चाहिए। 

उत्तर 5- बालतोड की समस्या में डॉक्टरों द्वारा अक्सर इन्फेक्शन को रोकने वाली, और एंटीबैक्टीरियल क्रीम दी जाती है। 

Rate this post

Leave a Comment

You cannot copy content of this page